World Hindi Day : विदेशों में हिंदी की अलख जगा रहे डा. बृजेश यदुवंशी, उनकी लिखी किताबें पाठ्यक्रम का हिस्‍सा

जौनपुर,जेएनएन। अगरव्यक्तिकेअंदरप्रतिभाहैतोदेशहीनहींविदेशोंमेंअपनालोहामनवातेहैंं।कुछऐसाहीकियाहैंजौनपुरकेलालडा.ब्रजेशकुमारयदुवंशीने।वहअपनीप्रतिभावकौशलकेदमपरराष्ट्रीयफलकपरहिंदीकाप्रचार-प्रसारकेलिएकामकररहेहैंं।इनकीपुस्तकमाॅरीशसकेहिंदीसेवीप्रहलादरामशरणमारिशसविश्वविद्यालयमेंशोधग्रंथकेरूपमेंपढ़ाईजातीहै।भारतीयसंस्कृति,हिंदीवभोजपुरीभाषापरअंतरराष्ट्रीयस्तरपरकामकरनेकेलिएमाॅरीशससरकारने2014मेंकर्मयोगीसम्मानदियाथा।यहपुरस्कारतत्कालीनराष्ट्रपतिकेराजकेश्वरपुरयागनेराष्ट्रपतिभवनमेंदियाथा।इसकेअलावाहिंदीसेजुड़ेकईराष्ट्रीयवअंतरराष्ट्रीयसंगठनोंकाआजीवनसदस्यबनायागया।

जलालपुरकेसेहमलपुरनिवासीडा.ब्रजेशकुमारयदुवंशीनेपूर्वांचलविश्वविद्यालयकेराजकालेजसेअपनीस्नातकवस्नातकोत्तरकीपढ़ाईपूरीकी।इसकेसाथहीइसीकालेजकेहिंदीकेविभागाध्यक्षरहेडा.देवेंद्रउपाध्यायकेनिर्देशनमेंशोधकिया।हिंदीसिनेमापरभारतमेंपहलीपीएचडीकरनेवालेव्यक्तिहैं।वर्ष2011मेंपूरेभारतकेएनएसएसकैडेटोकादिल्लीकेराजपथपरनेतृत्वकिया।इनकोतत्कालीनराष्ट्रपतिप्रतिभादेवीसिंहपाटिलद्वारानिमंत्रितभीकियागयाथा।लंबेसमयतकयहविश्वविद्यालयसेजुड़ेएककालेजमेंअपनीसेवादेतेरहेहै।अबअतिथिशिक्षककेरूपमेंकईविश्वविद्यालयोंमेंअपनीसेवादेरहेहै।इन्होंनेपाकिस्तानसेएमबीएकरकेभारतआएकुछयुवाओंकोहिंदीकीशिक्षाभीदी।

हिंदीमेंकियायहकामऔरनाम

माॅरीशमसेप्रकाशितत्रिभाषीयपत्रिकाइंद्रधनुषके2018सेसहसंपादकहैंं।इसपत्रिकाकोसरकारसेग्रांटमिलतीहै।इससंपादनमंडलमेंजानेमानेसाहित्यकारइवानमार्शियालभीहै।यहअंतरराष्ट्रीयस्तरपरहिंदीसेवामेंलगेहैंजोदेशकेसाथम्यांमार,नेपाल,मारिशसकेविश्वविद्यालयमेंबतौरअतिथिसेवाएंदेतेरहतेहैं।इसमेंप्रमुखरूपसेकाठमांडूनेपालकेत्रिभुवनविश्वविद्यालय,म्यांमारकेवर्माविश्वविद्यालय,माॅरीशसकेमहात्मागांधीसंस्थानमोकाहै।विश्वहिंदीसचिवालयमारिशसमेंस्थितहै,इसकीसरकारीपत्रिकामेंवर्ष2017सेअंतरराष्ट्रीयसाहित्यकारोंकीसूचीमेंइनकानामदर्जहै।अंतरराष्ट्रीयसहयोगपरिषदभारतवनागरीलिपिपरिषदकेआजीवनसदस्यहैंं।वर्तमानमेंमारिशसमेंहिंदीकीगंगाधाराप्रहलादरामशरणकीभूमिकालिखनेमेंव्यस्तहैंं।