टेढ़े पैर से डेढ़ दर्जन बच्चों को मिली निजात

बस्ती:जन्मजातशारीरिकविकृतिसेजूझरहेबच्चोंकेलिएराष्ट्रीयबालस्वास्थ्यकार्यक्रम(आरबीएसके)वरदानसाबितहोरहाहै।टेढ़े-मेढ़ेपैरवालेडेढ़दर्जनबच्चोंकासफलइलाजहोनेपरउनकेचेहरेखिलगए।परिवारमेंभीखुशीछागईहै।यहबच्चेअबसामान्यबच्चोंकीतरहखेल-कूदसकेंगे।ऐसासंभवहुआहैजिलाअस्पतालमेंसंचालितक्लबफुटक्लीनिकमेंहुएइलाजसे।

सरकारशारीरिकविकृतिसेपीड़ितबच्चोंकानिश्शुल्कइलाजदेरहीहै।14दिसंबर2018कोजिलाअस्पतालमेंक्लबफुटक्लीनिककीस्थापनाकीगईहै।यहांजन्मजातटेढ़े-मेढ़ेपैरोंवालेबच्चोंकाइलाजशुरूकरायागयाहै।प्रोग्रामएक्जीक्यूटिवदेवदत्तगुप्तानेबतायाकिप्रदेशभरमें2सालतककेबच्चोंकाइलाजकरायाजारहाहै।आरबीएसकेटीम,प्रसवकेंद्रोंवअन्यअस्पतालसेबच्चोंकोयहांसीधेभेजाजासकताहै।इंटेकफार्मभरवायाजाताहै।इसकेबादआर्थोंसर्जनकीदेखरेखमेंइलाजशुरूहोताहै।बच्चोंकाइलाजबार-बारप्लास्टरचढ़ाकरअर्थातकास्टिगकेजरियेयासर्जरीकीसहायतासेकियाजाताहै।यहांसेमेडिकलकालेजरेफरकरनेकीभीसुविधाहै।

निशुल्कदिएजातेहैंविशेषजूते

टेढ़े-मेढ़ेपैरोंकेइलाजमेंब्रेसयानीविशेषजूतेसर्वाधिकसहायकहैं।यहजूतेबाजारमेंमिलतेहीनहींहैऔरअगरमिलतेभीहैतोकाफीमहंगेहोतेहैं।बच्चेकेपैरकीसाइजबढ़नेकेसाथहीजूतेभीबदलनेपड़तेहैं।यहांयहनिश्शुल्कदिएजातेहैं।

मुफ्तइलाजसेपरिवारमेंखुशी

सदरब्लाककेरखौनानिवासीअश्वनीकुमारअपनेबेटेबाबूकोलेकरक्लीनिकआए।इलाजकेबादबच्चेकेपैरमेंकाफीसुधारहुआ।ब्रेसपररखागयाहै।दोबारजूतेबदलेजाचुकेहैं।मरहानिवासीश्यामूबेटीसुनीताकोलेकरपहुंचे।इलाजशुरूहुआ।इलाजकेबाददोनोंपरिवारोंमेंखुशीहै।

आरबीएसकेकीमददसेटेढ़े-मेढ़ेपैरवालेकेसहैंडिलकिएजातेहैं।निश्शुल्कइलाजकीसुविधादीजारहीहै।जिलेस्तरपरऔरमेडिकलकालेजमेंभीसुविधाहै।

-डा.सीकेवर्मा,डिप्टीसीएमओ