Special Story:बाबा विश्वनाथ ने दिगम्बर रूप में भक्तों संग खेले होली, जाने क्यों खास है काशी में मसाने की होली

उत्तरप्रदेशकेवाराणसीमेंहोलीकाएकअलगहीरंगहै।यहबाबाविश्वनाथकीधाराधामकहाजाताहै।यहांहोलीकेपहलेबाबामातागौराकेसाथरंगभरीहोलीभीखेलीजातीहै।औरउसकेएकदिनउपरांतबाबाभोलेनाथभस्मकीहोलीभीखेलतेहैं।भस्मकीहोलीमणिकर्णिकाघाटपरआयोजितकीजातीहै।जोरंगभरीएकादशीकेएकदिनबादमनाईजातीहै।

उत्तरप्रदेशकेवाराणसीमेंहोलीकाएकअलगहीरंगहै।यहबाबाविश्वनाथकीधाराधामकहाजाताहै।यहांहोलीकेपहलेबाबामातागौराकेसाथरंगभरीहोलीभीखेलीजातीहै।औरउसकेएकदिनउपरांतबाबाभोलेनाथभस्मकीहोलीभीखेलतेहैं।भस्मकीहोलीमणिकर्णिकाघाटपरआयोजितकीजातीहै।जोरंगभरीएकादशीकेएकदिनबादमनाईजातीहै।

कहाजाताहैकिबाबाविश्वनाथआजभूतपिचासप्रेतकेसाथमणिकर्णिकाघाटपरठीक12बजेहोलीखेलनेआतेहैं।बाबाविश्वनाथकीरंगभरीहोलीके1दिनबादबाबाभूतपिचासअपनेगढ़केसाथमणिकर्णिकाघाटपरहोलीखेलनेपहुंचतेहैं।बाबाकेमशानवालेहोलीमेंकाशीवासीभीबाबाकेसाथरंगोंऔरभस्मकेसाथहोलीखेलतेहैं।

काशीकेमणिकर्णिकाघाटपरशिवकीभस्महोलीखेलनेकेलिएभारीसंख्यामेंसाधुसंतोंकेसाथआमजनभीशामिलहोतेहैं।वहींइसकेलिएसभीतरहकीतैयारियांभीकीजातीहैं।मसानेकीहोलीशुरूहोनेसेपहलेपरंपरागततरीकेसेघाटपरशिवऔरकालीकीपूजाकीजातीहैं।पूजाखत्महोनेकेबादपूराघाटभस्मऔरगुलालकेरंगोंसेरंगानजरआताहैं।

वहींकाशीकेलोगोंकीमान्यताहैकिद्वादशकेदिनभस्मसेखेलीजानेवालीहोलीमेंमांपार्वतीसमेतसभीदेवीदेवताशामिलहोंतेहै।साथहीयहभीमानाजाताहैकिभगवानशिवकेआदेशकेकारणउनकेप्रियभूतप्रेतगणवअन्यशक्तियांउसउत्सवसेदूररहतीहै।वहींलोगोंकीयहभीमान्यताहैकिइसदिनकुछभीहोजाएभगवानशिवमहाश्मशानपरहोलीखेलनेआतेहै।वहींइसदौरानएकतरफसेभगवानशिवकीमसानेकीहोलीजारहीहोतीहैतोदूसरीतरफशवजारहाहोताहै।

कीहरबड़ीसीटकाग्राउंडरिपोर्ट,हरबड़ेमुद्देपरएक्सपर्टएनालिसिस,बड़ेनेताकाइंटरव्यू,इलेक्शनबुलेटिन,हॉटसीट्सकाहाल,कैंडिडेटकीप्रोफाइलऔरउनकीलाइफस्टाइल,बाहुबलियोंकाहाल...AsianetnewsHindiपर360डिग्रीकवरेजकेसाथपढ़ेंयूपीविधानसभाचुनावकाहरअपडेट।