शबरी के जूठे बेर खाकर श्रीराम ने प्रदान की नवधा भक्ति

जागरणसंवाददाता,ज्ञानपुर(भदोही):क्षेत्रकेसारीपुर,बाबूसरायमेंचलरहीरामलीलामेंछठवेंदिनसोमवारकीरातसीताखोज,राम-सुग्रीवमित्रतावलंकादहनकीलीलाकामंचनकियागया।लीलास्थलपरपहुंचेदर्शकजयकारेलगातेरहें।

अभिषेककुमारपाठकनेभगवानश्रीरामवलक्ष्मणकीआरतीउतारी।इसकेपश्चातशुरूहुईलीलामेंश्रीरामवलक्ष्मणसीताकोखोजतेखोजतेमातासबरीकेआश्रममेंपहुंचतेहैं।जहांवहउन्हेंप्रेमकेजूठेबेरखिलातीहैं।भगवानउन्हेंनवधाभक्तिप्रदानकरतेहैं।शबरीकेकहनेपररामऔरलक्ष्मणवहांसेऋषिमुकपर्वतपरपहुंचतेहैं।जहांउनकीभेंटमहाबलीहनुमानसेहोतीहै।हनुमानउन्हेंसुग्रीवकेपासलेजातेहैंऔररामकापरिचयकरातेहैं।उनसेमित्रताकीमित्रताहोतीहै।सुग्रीवसेरामपहाड़पररहनेकाकारणपूछतेहैं।वहअपनीवबालिकीपूरीकहानीबतातेहैं।इसकेपश्चातरामबालिकासंघारकरकेसुग्रीवकोराजाबनातेहैं।आगेकीलीलामेंहनुमानसीताकापतालगातेलंकापहुंचतेहैं।जहांअशोकवाटिकामेंमांसीताकेआदेशपरवहफलखानेकेसाथवाटिकाउजाड़नेलगतेहैं।इसदौरानउन्होंनेअक्षयकुमारसंघारकिया।तबमेघनादबजरंगबलीकोनागफांसमेंबांधकररावणकेसामनेलाताहै।जहांहनुमानपूछमेंआगलगीदीजातीहै।पूछकीआगसेवहपूरीलंकाकोजलादेतेहैं।लंकामेंहाहाकारमचजाताहै।यहींमंचनकोविरामदेदियाजाताहै।इसमौकेपरअजयकुमारदुबे,बलजोरपाल,शमशेरयादव,अजीतयादव,संतोषदुबे,विपुलपांडेय,ओमप्रकाशपाठकआदिथे।