राजस्थान के बाड़मेर में सुदूर गांवों में बनी मॉडर्न आंगनवाड़ियां दिखा रहीं शिक्षा की नई राह

जहांपीनेकेपानीजैसीमूलभूतसुविधाकेलिएभीसंघर्षहो,वहांबच्चोंकेलिएबेहतरशिक्षाकेबारेमेंसोचनामुश्किलहै।मगर2016मेंवेदांतासमूहऔरराजस्थानसरकारकीओरसेशुरूकीगईमॉडर्नआंगनवाड़ी-नंदघर,इससोचकोबदलरहेहैं।राजस्थानकेबाड़मेरमेंअंतरराष्ट्रीयसीमाकेनजदीकबसीढाणियोंतकमेंनंदघरकीवजहसेबच्चोंऔरमहिलाओंकाजीवनबदलरहाहै।

यहांपढ़नेवाले3से5सालकेबच्चेसिर्फपढ़ाईमेंहीनहीं,रहन-सहनऔरबातचीतमेंभीशहरीबच्चोंकोटक्करदेतेहैं।बाड़मेरकेबियाबानधोरोंपरबने100नंदघरोंमें3200बच्चेपढ़रहेहैं।हमारीटीमनेदूर-दराजकेनंदघरोंमेंजाकरजानाकिव्यवस्थामेंयहबदलावकैसेयहांजीवनमेंपरिवर्तनलारहाहै।

जानिए,ऐसीहीकुछकहानियां-

कवासकाढूंढागांव:दीवारोंपरलिखीहैनईशिक्षाकीइबारत

कवासकेढूंढागांवमेंमेघवालोंकीबस्तीमेंबनेनंदघरमेंआस-पासकीढाणियोंके20बच्चेआरहेहैं।बच्चोंकोपढ़ानेवालीआंगनवाड़ीकार्यकर्तापीपलीदेवीखुदकोटाओपनयूनिवर्सिटीसेबीएकररहीहैं।सुबहबच्चोंकास्वागततालियोंसेहोताहै।फिरगेम्सखेलतेहैं।नाश्तेकेबादटीवीपरकार्टूनऔरकविताएंदिखाईजातीहैं।वर्णमालाकोआसानचित्रोंकेसाथदीवारपरउकेरागयाहै।

धतरवालोंकीढाणी:टीवीकेसहारेसिखारहेहैंगिनतीऔरपहाड़े

बायतुकीधतरवालोंकीढाणीकी5सालकीरियाचौधरीबचपनसेहीगुमसुमरहतीथी।परेशानपितामूलारामउसेनंदघरमेंभेजनेलगे।शुरूमेंकोनेमेंबैठीरहनेवालीरियाकाेआंगनवाड़ीकार्यकर्ताआशाचौधरीनेई-लर्निंगसेकनेक्टकिया।टीवीपरजंगलबुकजैसेकार्टूनदेखवहचहकउठी।एकसालकीईलर्निंगसेवहपहाड़े,गिनतीववर्णमालासीखगई।>शेषपेज12पर

सिणधरीकापनानीगांव:कुपोषितकृष्णाका1सालमेंडेढ़किलोवजनबढ़ा

सिणधरीकेपनानीगांवकासाढ़ेचारवर्षीयकृष्णाकाकुपोषितहोनेसेवजनकेवल14किलोथा।घरपरछाछवबाजरीकासोगरानहींखाता।उसेनंदघरभेजागया।यहांसाधारणनाश्तानहींकरताथातोउसेउसेहैदराबादीमिक्स(मुरमुरेकापाउडर,बुराशक्कर,मूंगफली,घी,खोपरा,इलायची,ड्राइफ्रूटकामिश्रण)केसाथमूंगफलीवगुड़केलड्‌डूदेनाशुरूकिया।फिरखिचड़ी,दलियावपूड़ी-सब्जीदेनाशुरूकिया।एकसालमेंउसकावजनडेढ़किलोबढ़कर16.8किलोहोगया।

धतरवालोंकासरा:खेल-खेलमेंपढ़ना-लिखनासीखरहेबच्चे

150फीटऊंचेटीलेपरबसीधतरवालोंकासराकीभीलबस्तीमेंबनेनंदघरमेंबच्चोंकोखेलकेसाथपढ़ाईकरवाईजातीहै।आंगनबाड़ीकार्यकर्तागीता,आशासहयोगिनीकेअलावायहांआस-पासकी100ढाणियोंकीमहिलाएंमौजूदथीं।फिसलपट्‌टीपरखेलतेबच्चेपहाड़ेबोलरहेथे।यहांमहिलाओंकोभीसिलाईजैसेकामसिखाएजातेहैं,ताकिवहआजीविकाचलासकें।

इन4बातोंसेसमझिए...क्योंसफलहैंनंदघर

1बिजलीमेंआत्मनिर्भर:हरनंदघर0.75किलोवॉटकेसोलरपैनलसेअपनेलिएजरूरीबिजलीखुदबनाताहै।यानीयहां24घंटेबिजलीरहतीहै।

2रेगिस्तानमेंभीठंडा:40डिग्रीतककेतापमानमेंनंदघरकोठंडारखनेकेलिएजर्मनतकनीकसेस्नैलकीदीवारेंबनाईगईहैं।इसकीफाइबरशीटबाहरकीगर्मीकोरोकतीहै।

3बच्चोंकेलिएई-लर्निंग:पारंपरिकतरीकोंसेपढ़ाईकेबजायई-लर्निंगपरजोरदियाजाताहै।इससेबच्चेज्यादाजुड़तेहैंऔरजल्दीसीखतेभीहैं।

4महिलाओंकेलिएकोर्स:बच्चोंकेसाथहीस्थानीयमहिलाओंकोभीजोड़ाजाताहै।आर्थिकस्वावलंबनकेलिएछोटे-मोटेकामऔरप्राथमिकहेल्थकेयरकीट्रेनिंगदीजातीहै।