राजनीतिक दलों के लिए रणनीति बनाने वाले पीके अब खुद उतरेंगे चुनावी मैदान में, बिहार से करेंगे 'खेला'

महेशशुक्ल।चुनावीरणनीतिकार प्रशांतकिशोर(पीके)कीराजनीतिक महत्वाकांक्षाअबखुलकरसबकेसामनेआगईहै।अबवहदूसरीपार्टियोंकेलिए रणनीतिनहींबनाएंगेबल्किखुदचुनावमैदानमेंउतरनेजारहेहैं।वहजल्दहीनईपार्टीबनानेकीघोषणाकरसकतेहैं।महत्वाकांक्षीहोनागलतनहींहै,अतिमहत्वाकांक्षीहोनालक्ष्यकीप्राप्तिमेंबाधकबनसकताहै।इसकेसाथअधीरताभीहोतोचमत्कारीव्यक्तित्वकेलिएभीअभीष्टदूरकीकौड़ीहोसकताहै।

चुनावीमैनेजमेंटकेमाहिरप्रशांतकिशोरशायदअपनीराजनीतिकमहत्वाकांक्षाकाप्रबंधनकरनेमेंगलतीकरगएऔरपरिणामएकबारफिरवहीढाककेतीनपात।चुनावजितानेमेंतोवहख्यातहोचुकेहैं,लेकिनराजनीतिमेंमजबूतीसेपांवजमानेकेप्रयासमेंविफलरहेहैं।भलेहीकांग्रेसमेंशामिलनहोनेकोवहअपनानिर्णयबतातेहों,लेकिनलाखटकेकासवालयहीहैकिआखिरइसस्तरतकपहुंचनेकेबादभीबातबनीक्योंनहीं।

प्रशांतकिशोरयानीपीकेकेबचपनसेलेकरचुनावप्रबंधककेचमकतेकरियरकेबीचकेवर्षोमेंउनकेव्यक्तित्वकोखंगालेंतोइसप्रश्नकाउत्तरमिलताहै।वहअधीरव्यक्तिहैं।यहकोईऔरनहींकहता,पीकेखुदहीटीवीइंटरव्यूमेंस्वीकारचुकेहैं।उनकेनिर्णयोंसेभीयहझलकताहै।2014लोकसभाचुनावमेंभाजपाकीजीतकेनायककहेजानेवालेपीकेनेउसीवर्षअगस्त-सितंबरआते-आतेप्रतिभाशालीलोगोंकीगवर्नेंसमें‘लैटरलएंट्री’यानीसीधेप्रवेशकोलेकरसरकारसेकिनाराकरलिया।

वहखुदबतातेहैंकिइसपरसहमतिबनीथी,लेकिनमोदीसरकारकीतरफसेउनकीयोजनातेजीसेआगेनहींबढ़पारहीथी।सोवहइंतजारनहींकरसकेऔरनीतीशकुमारकेसाथचलेगए।वहांसेराजनेताबननेकीमहत्वाकांक्षाजागी।अवसरभीमिलाजबनीतीशनेएकतरहसेउन्हेंजनतादलयूनाईटेड(जदयू)मेंनंबरदोबनादिया,लेकिनयहमौकाभीपीकेभुनानहींपाए।वहांभीपीकेबिहारविकासमिशनकेमाध्यमसेयुवाओंकोराजनीतिऔरगवर्नेसमेंलैटरलएंट्रीकीअपनीयोजनापरअड़ेरहे,यहभूलकरकिभारतीयराजनीतिऔरगवर्नेसकामिजाजदूसराहै।

यहांलैटरलएंट्रीजैसीव्यवस्थानहींहै।वहअमेरिकाकेपूर्वराष्ट्रपतिथियोडोररूजवेल्टऔरबराकओबामाकीलैटरलएंट्रीकीनीतिभारतमेंअपनानाचाहतेथे,लेकिनभूलगएकियहांराजनीतिऔरगवर्नेसमेंनएखिलाड़ीकासीधाप्रवेशआसाननहींहोता।इसतरहपीके2014औरफिर2020मेंमहत्वाकांक्षाकीजल्दपूर्तिकीअधीरतालिएपहलेबीजेपीऔरफिरजदयूसेदूरहोगए।अबकांग्रेसमेंठौरखोजरहेथे,लगभगसफलभीहोगएथे,लेकिनफिरअहमपदऔरपार्टीकेवरिष्ठोंकोभावनदेनेकीमहत्वाकांक्षाशायदआड़ेआगई।वहपढ़ाईकेदिनोंमेंबारहवींऔरस्नातककेबाददोबारड्रापलेचुकेहैं।

बिहारसेदिल्लीवलखनऊहोतेहुएहैदराबादऔरवहांसेअमेरिकावअफ्रीकीदेशचाडतककासफरकरनेवालेपीकेनंबरगेमकेमाहिरहैं।बिहारबोर्डमेंगणितमें98प्रतिशतसेअधिकअंकलानेवालेपीकेचुनावीअंकगणितबखूबीसमझतेहैं,लेकिनराजनीतिकाककहरामुश्किलसेसीखपारहेहैं।गुजरातमेंकुपोषणपरएकरिसर्चपेपरलिखकरतत्कालीनमुख्यमंत्रीनरेन्द्रमोदीकेपसंदीदाबनेपीकेपर्देकेपीछेकीभूमिकासेनायकबननेकाख्वाबपालबैठे।बिनायहसमङोकिभारतीयराजनीतिकीडगरइतनीसीधीभीनहीं।यूटर्नलेनेमेंभीउनकाकोईजोड़नहींहै।जदयूसेजुड़नेपरचुनावप्रबंधनसेतौबाकरनेवालेपीके2021मेंममताबनर्जीकोचुनावलड़ानेपहुंचजातेहैं।तृणमूलकांग्रेसकीजीतकेबादफिरचुनावीप्रबंधननकरनेकाएलानकरतेहैंऔरकुछहीसमयबाद2024केलिएकांग्रेसकीतैयारियोंकाखाकाखींचनेलगतेहैं।अनिश्चितव्यवहारकीपगडंडीपरलड़खड़ातेपीकेकेअगलेकदमकीराजनीतिकगलियारोंकोप्रतीक्षाहै।

तमाशादेखनेवालोंमेंनहींहैंप्रशांतकिशोर:प्रशांतकिशोरकेकांग्रेसीबननेकीबातजबतयहोनेवालीथीतोसोनियागांधीकीमौजूदगीमेंअशोकगहलोतनेपूछलियाकिआपपार्टीमेंकबतकटिकेंगे?प्रशांतकाजवाबथाकिजबतकआपलोगमेरीबातसुनते-मानतेरहेंगे।साफहैकिवहकिसीकोनेमेंबैठकरतमाशादेखनेवालोंमेंसेनहींहैं,बल्कितमाशादिखानेवालोंमेंसेहैं।बिहारमेंजदयूसेउदासीनहोनेकेपीछेभीउनकेइसीव्यक्तित्वकाअसरथा।

राजनेताकेरूपमेंप्रशांतकिशोरकोअपनातेवक्तनीतीशनेउनकापरिचयजदयूकेभविष्यकेरूपमेंदियाथा,लेकिनसाथलंबानहींचलपाया,क्योंकिजदयूकेपुरानेनेताओंनेइसेपैराशूटएंट्रीमाना।प्रशांतकानीतीशसेबेहदकरीबीऔरसहजरिश्ताभीअन्यनेताओंकेसाथसंबंधोंमेंरोड़ाबननेलगा।नीतीशपरपकड़रखनेवालेललनसिंहएवंआरसीपीसिंहनेउनकादायरानिर्धारितकरदियातोप्रशांतनेभीजदयूसेकिनाराकरलिया।हालांकिइसकेपहलेसेहीप्रशांतअपनीपुरानीभूमिकाकईराज्योंमेंतलाशरहेथे।आंध्रप्रदेशमेंजगनमोहनरेड्डी,महाराष्ट्रमेंउद्धवठाकरेऔरबंगालमेंममताबनर्जीकोउनकीजरूरतभीथी।हालांकिनीतीशसेउनकेसंबंधमधुरबनेरहे।पिछलेमहीनेदिल्लीमेंभोजनपरदोनोंकीमुलाकातहुईथी।जाहिरहै,संभावनाएंखत्मनहींहुईहैं।जरूरतपड़ीतोदोनोंफिरमिलसकतेहैं।

(इनपुट:राज्यब्यूरो,पटना)