गर्मी में पसीना जनित बीमारियां बन जाती मुसीबत

जागरणसंवाददाता,इटावा:इसबदलतेयुगमेंजिसतेजीसेबीमारियांअपनेपांवफैलातीजारहीहै,उसीतर्जपरलोगउपचारकीपैथीपरभीमंथनकरनेलगेहैं।हालतयहहैकिअबतोलोगपुरानीउपचारपैथीआयुर्वेदकीओरभीबढ़नेलगेहैं।आयुर्वेदकेफार्मूला,हर्र,बहेड़ा,आंबलाधीशंकरसंगखाय,हाथीदावेकांखमें60कोसलेजाए।आयुर्वेदकीइसकहानीनेतोयुवाओंकारुझानभीआयुर्वेदकीओरबढ़ायाहै।जिलाअस्पतालकेआयुषविभागकेआयुर्वेदाचार्यडा.अरुणकुमारमैरोठियाकाकहनाहैकिइससमयपसीनाजनितबीमारियांलोगोंकेलिएमुसीबतबनीहुईहैं।बीमारीकेलक्षण:इससमयपड़रहीतेजवकड़कधूपमेंनिकलनेवालापसीनाबदनमेंजहांबदबूकाकारणबनजाताहै,वहींबदनकेनाजुकअंगोंमेंछोटी-छोटीफुंसीनिकलआतीहै।यहफुंसीलाल,गुलाबीकलरकीहोतीहै।इसकेसाथहीशरीरकेअनेकहिस्सेमेंचकत्तेसेपड़जातेहैं।इनमेंखुजलीहोनेसेलोगखासेपरेशानरहतेहै।बीमारीकेकारण:तेजधूपमेंकार्यकरनेपरबदनसेजोपसीनानिकलताहै,तथावहबदनमेंहीसूखजाताहै।यहींपसीनाचर्मरोगोंकोबढ़ानेवालाहोताहै।इसकेसाथपसीनानिकलनेपरतुरन्तअगरशीतलपानीपीलियाजाएतोभीहड्डियोंमेंदर्दकीशिकायतहोनासामान्यबातहोगईहै।बीमारीसेबचाव:जिलाअस्पतालकेआयुषचिकित्साधिकारीडा.अरुणकुमारमैरोठियाबतातेहैंकिपसीनाजनितचर्मरोगोंसेबचनेकेलिएधूपमेंननिकलें,पानीउबालकरपिएं,नीमकेपत्तेडालकरगर्मकिएहुएपानीसेस्नानकरें।गीलेकपड़ेनपहने,गर्मीकेदिनोंमेंअमृतधाराबनाकरसेवनकरें,नहानेवबदनकीसफाईकाविशेषध्यानरखे।मेडिकेटिडसोपसेनहाएं,सूतीकपड़ेहीपहने,हरीसब्जीवदूधकासेवनकरें।बदनमेंचर्मरोगकीशिकायतहोनेपरकिसीकुशलचिकित्सककीसलाहपरहीउपचारलें।हरसुबहनीमकीपत्तीपीसकरखानेसेहीचर्मरोगसेबचाजासकताहै।