दूषित पानी की सप्लाई

सीमावर्तीरणवीरसिंहपुराकस्बेमेंबरसातकेमौसममेंदूषितपेयजलसप्लाईहोनासेहतसेखिलवाड़जैसाहै।कस्बेमेंपेयजलविभागद्वाराबिछाईगईपाइपलाइनजगह-जगहसेक्षतिग्रस्तहैऔरउससेनालियोंकागंदापानीलोगोंकेघरोंमेंपहुंचरहाहै।इसकीवजहसेइलाकेमेंआंत्रशोथफैलनेकाडरबनाहुआहै।विडंबनायहहैकिस्थानीयलोगोंनेविभागकेअधिकारियोंकोपाइपलाइनकीखस्ताहालसेअवगततोकरादियाहै,लेकिनउनकीसुनवाईनहोनाचिंताकाविषयहै।यहमामलालोगोंकेस्वास्थ्यसेजुड़ाहुआहै।ऐसेमेंसरकारकायहदायित्वबनताहैकिइसज्वलंतसमस्याकासमाधानकरवाएक्योंकिआठहजारलोगोंकीसेहतकासवालहै।अभीबरसातकामौसमखत्मनहींहुआहै।गंदीनालियोंमेंडूबीपाइपोंसेगंदापानीलोगोंकेघरोंमेंपहुंचे,इससेपहलेसरकारकोसभीआवश्यककदमउठानेहोंगे।केंद्रसरकारनेराज्यकेग्रामीणक्षेत्रोंमेंस्वच्छपेयजलसप्लाईकेलिएनेशनलरूरलडिंकिंगवाटरप्रोग्रामकेतहतवर्ष2014में537करोड़रुपयेजम्मू-कश्मीरकेलिएमंजूरकिए।इसयोजनाकेतहतजम्मूकश्मीरसंभागकेकरीबसोलहसौगांवोंकोपेयजलपाइपलाइनोंसेजोड़नाथा।इसमेंजम्मूऔरकश्मीरकेप्रत्येकआठसौगांवोंमेंसाफपानीमुहैयाकरवानेकालक्ष्यथा।हदतोयहहैकिपिछलेतीनवर्षोमेंकेवल379गांवोंमेंहीपाइपलाइनबिछाईगई।राज्यसरकारइसयोजनाराशिकापर्याप्तइस्तेमालनहींकरवापाई,जिसकारणकेंद्रसरकारनेभीऔरराशिमुहैयानहींकरवाई।अगरयहयोजनाफलीभूतहोजातीहैतोगांवोंमेंजोलोगप्राकृतिकजलस्रोतोंपरनिर्भरहैं,कोस्वच्छपानीमिलजाता।दुखदयहहैकिअभीभीसैकड़ोंगांवकेलोगस्वच्छपानीकेलिएतरसरहेहैं।राज्यसरकारकायहदायित्वबनताहैकिसर्वप्रथमआरएसपुराकस्बेमेंटूटीपाइपोंकोबदलाजाएताकिलोगोंस्वच्छजलमिलपाए।

[स्थानीयसंपादकीय:जम्मू-कश्मीर ]