बिना शिक्षक पढ़ाई कर दक्ष हो रहे छात्र

जमुई।प्रतिभाकाशिल्पस्थलकॉलेजसेविज्ञनी,विद्वानयाविशेषज्ञकैसेनिकलेंगेजबकॉलेजमेंपढ़ानेकेलिएपर्याप्तशिक्षकहीउपलब्धनहींहो।शिक्षककेअभावमेंआधुनिकसंसाधनधूलफांकरहाहै।कुछऐसीहीस्थितिजिलेकीप्रतिष्ठितदेवसुंदरीस्मारकमहाविद्यालयझाझाकीहै।नौशिक्षकोंपरचारहजारछात्र-छात्राओंकाभविष्यटीकाहै।इसमेंभीविज्ञानसंकायकेचारविभागमेंएकभीशिक्षकउपलब्धनहींहै।लिहाजायहांछात्रोंकोदायित्वमात्रनामांकनलेनेभरहै।व्यवस्थामेंदोषकाखामियाजाछात्रभुगतनेकोविवशहैं।निजीतौरपरकोचिगसंस्थानोंसेपठन-पाठनकरपढ़ाईकरनेकेलिएबाध्यहैं।विज्ञानसंकायकेछात्रोंकेलिएतोकॉलेजमहजएकसामान्यभवनबनगयाहै।प्राचार्यनेबतायाकिमहाविद्यालयकेपास14एकड़जमीनउपलब्धहै।बावजूदयहांआदर्शभवनऔरव्यवस्थास्थापितनहींकीजासकी।

नौशिक्षकोंकेसहारेकॉलेज

देवसुंदरीस्मारकमहाविद्यालयमेंपठन-पाठननौशिक्षकोंकेभरोसेहै।कॉलेजमेंकुल19स्वीकृतपदहैजिसमेंप्रधानाध्यापकसमेतनौशिक्षककार्यरतहैं।

विज्ञानसंकायमेंएकभीशिक्षकनहीं

विज्ञानसंकायकेभौतिकी,रसायनशास्त्र,जंतुविज्ञानववनस्पतिविज्ञानविभागमेंएकभीशिक्षकनहींहैं,जबकिचारपदस्वीकृतहै।कलासंकायमेंभीअधिकांशविषयमेंस्वीकृतसेआधाशिक्षकहैं।

शिक्षकबिनाआधुनिककंप्यूटरलैबकानहींहोपारहाउपयोग

कॉलेजमेंआधुनिककंप्यूटरलैबउपलब्धहैकितुशिक्षकनहींहोनेकेकारणधूलफांकरहीहै।कंप्यूटरबंदऔरकक्षपरतालालगाहै।आजकीशिक्षामेंकंप्यूटरज्ञानकितनाअहमयहबतानेकीजरूरतनहींहै।फिरभीछात्रइसकेलाभसेवंचितहैं।

लाइब्रेरीहैपरलाइब्रेरियननहीं

बतायाजाताहैकिकॉलेजकेलाइब्रेरीमेंलगभग15हजारउपलब्धहै।मगरलाइब्रेरियनकेअभावमेंपुस्तकालयकासंपूर्णलाभछात्रोंकोनहींमिलपारहाहै।छात्रोंकेलिएकॉमनरूमकीव्यवस्थाहै।कॉलेजमेंकहनेकोतीनशौचालयहैं,लेकिनएकपुराना,एकवर्षोंसेअर्धनिर्मितऔरएकनिर्माणाधीनहै।कार्यालयसहित17वर्गकक्षहै।पुरानाभवनजर्जरहोकरटूटरहाहै।प्रयोगशालासहायकउपलब्धनहींहैं,जिससेसाइंसकेछात्रप्रयोगात्मकदक्षताभीहासिलनहींकरपारहेहैं।

शिक्षकोंनेकहा

शिक्षकमु.अलाउद्दीननेकहाकिजिनविषयोंकेशिक्षकनहींउनविषयोंकेछात्रकॉलेजमेंपढ़ाईनहींकरपातेहैं।यहदेखकरअफसोसहोताहैमगरवोसबविषयतोनहींपढ़ासकते।शिक्षकसाहिदआलमनेकहाकिहमलोगअपनेविषयकीपढ़ाईकरादेतेहैं।दूसरेविषयकेछात्रअकसरशिक्षकआनेकेसंबंधमेंजानकारीलेतेहै,लेकिनहमलोगोंकेपासइसकाकोईजवाबनहींहै।कॉलेजमेंपढ़नेकाअपनामाहौलवअनुभवहोताहै।जिससेकईविषयोंकेबच्चेवंचितहोरहेहैं।

कॉलेजमेंकर्मीवशिक्षकोंकीकाफीकमीहै।इससंबंधमेंविश्वविद्यालयप्रशासनकोकईबारसूचितकियागयाहै।जर्जरभवनकीभीजानकारीदीगईहै।स्थानीयस्तरपरप्रबंधनकरवर्गकासंचालनकियाजाताहै।

अमरेंद्रकुमारसिंह,प्राचार्य,देवसुंदरीस्मारकमहाविद्यालय,झाझा

कॉलेजमेंशिक्षककीउपलब्धता

विभाग----स्वीकृत---कार्यरत

अर्थशास्त्र--2----1

जंतुविज्ञान--1--0

राजनीतिशास्त्र--2--2