भरोसे की रोशनी बन संक्रमण के अंधेरे से लड़ीं काजल

कुशीनगर:संक्रमणकाअंधेराचाहेकितनाघनाक्योंनहो,भरोसेकीरोशनीलेकरलड़नेनिकलेंतोउसेदूरभगायाजासकताहै।इसीसोचकेसाथराजकीयमहिलाचिकित्सालयमेंएएनएमकेपदपरतैनातकाजलकोरोनासंक्रमणकालकेपहलेदौरमेंआगेबढ़करहोमआइसोलेटहुएकोविडसंक्रमितकाइलाजकरनेवालीटीममेंशामिलहुईथीं।दवाउपलब्धकरानेकेसाथउनकीकाउंसिलिंगकीजिम्मेदारीलीथी।अबदूसरेदौरमेंकोरोनाटेस्टलैबमेंसैंपलिंगकररहीहैं।रोज130-150लोगोंकेसैंपललेरहीहैं।भयवअनिश्चितताकेमाहौलमेंबिनाडरेड्यूटीनिभानेकेउनकेसाहसपरविभागनेउन्हेंसम्मानितकियाही,लोगउन्हेंछोटकीडाक्टरभीकहनेलगेहैं।

नगरकेसाहबगंजदक्षिणीकीरहनेवालीकाजलसिंहमार्च2019मेंराजकीयमहिलाचिकित्सालयमेंएएनएमनियुक्तहुईंथीं।नौकरीकरतेएकसालहीबीताथाकिकोरोनामहामारीसामनेआखड़ीहुई।बचावकेलिएनसमुचितसाधनथेनाकारगरइलाज।जिलेमेंबीमारीतेजीसेफैलरहीथी।हररोज30से50लोगोंमेंइसमहामारीकीपुष्टिहोरहीथी।घरवालेभीसंक्रमितोंकोछूनेसेडररहेथे।बच्चोंकेटीकाकरणकीजिम्मेदारीनिभारहीकाजलइनपरिस्थितियोंमेंखुदआगेबढ़ींऔरकोरोनासंक्रमितोंकेइलाजमेंलगीटीमकेसाथकामकरनेकीइच्छाजताई।प्रभारीचिकित्साधिकारीडा.मंजुलानेकाजलकीडयूटीकोविडटीममेंलगादी।काजलअपनीसहयोगीएएनएमपूजाकेसाथसंक्रमितमरीजोंकेनाम,पतेवालीड्यूटीचार्टकोलेकरनगरक्षेत्रमेंहोमआइसोलेटमरीजोंकेघरपहुंचतीं।उनकाहालपूछतीं।काउंसिलिंगकरतीं।दवादेतीं।अप्रैलसेसितंबरतक313संक्रमितोंकेघरपहुंचकरसेवादीं।बकौलकाजल,घरवालोंकोपताचलाकिहोमआइसोलेटमरीजोंकेघरजातीहूंतोमां-पितासमेतसभीघबराउठेथे।मैंनेउन्हेंसमझा-बुझाकरमनालिया।उसवक्तकीगईड्यूटीपरआजपूरेपरिवारकोगर्वहै।अबकोरोनाकीदूसरीलहरमेंकाजलमहिलाचिकित्सालयमेंहरदिन130से150लोगोंकीकोरोनाजांचकरतींहैं।काजलबतातीहैंकिउनकाकामजोखिमभराहै।खुदकोस्वस्थरखनेकेलिएवहहरीसब्जियां,पौष्टिकआहारकासेवनकरतीहैं।दोनोंसमययोगकरतीहैं।सुबहशामकाढ़ाकाभीसेवनकरतींहैं।