बढ़ती गई शहर की सीमाएं, घट गई बुनियादी सुविधाएं

सुलतानपुर:शहरकीसीमाओंमेंसाल-दर-सालबढ़ोत्तरीहोरहीहै।अनियोजितविकासमेंशहरकीबुनियादीसुविधाओंसेनएरिहायशीक्षेत्रअछूतेहैं।अवैधनिर्माणऔरविकासकेलिएजिम्मेदारसंस्थाओंकीलचरव्यवस्थासेगांवछोड़करशहरआएलोगोंकोनिराशहोनापड़रहाहै।शहरमेंबहनेवालेपांचप्रमुखनालेरख-रखावकेअभावमेंअपनाअस्तित्वखोरहेहैं।तकरीबनसवालाखकीआबादीवालेइसशहरमें25वार्डऔरएकसैकड़ासेअधिकमुहल्लेहैं।आठकिमीपरिधिमेंइसक्षेत्रकाबीतेदोदशकोंमेंविस्तारहुआहै।चारोंदिशाओंमेंकंक्रीटकेजंगललगातारफैलरहेहैं।मकानबनानेकीहोड़है।इननएइलाकोंमेंनतोआवागमनकीबेहतरसुविधाएंहैंऔरनहीजलनिकासीकी।

नालोंकाहैसंजाल:शहरमेंपांचबड़ेनालोंकेअलावाएकदर्जनसेअधिकछोटे-बड़ेनालेहैं।हथियानाला,गभड़ियानाला,गंदानाला,बढ़ैयावीरनालोंकेइर्दगिर्दघनीआबादीहै।इनबड़ेनालोंमेंवार्षिकसाफ-सफाईतकनहींहोतीहै।हालाततोयहहैकिगभड़ियारेलवेक्रॉसिगकेदक्षिणीछोरपरबड़ेनालेकेऊपरकईस्थाईनिर्माणकरलिएगएहैंऔरपानीकाबहावतकरुकगयाहै।दरियापुर,राईननगर,घोसियाना,खैराबादआदिमुहल्लोंमेंनालोंकाअस्तित्वखत्महोरहाहै।इनअवैधनिर्माणोंकोहटानेकाप्रयासप्रशासनऔरनगरपालिकाकीओरसेनहींकियागयाहै।ऐसेमेंइसकाखामियाजाआमलोगोंकोभुगतनापड़रहाहै।

अतिक्रमणहटानेकेलिएसमय-समयपरअभियानचलाएजातेहैं।अवैधनिर्माणकरनेवालोंकोनोटिसदीगईहै।संक्रमणकादौरखत्महोनेपरइनकेखिलाफकार्रवाईकीजाएगी।

बबिताजायसवाल,पालिकाध्यक्ष