75 साल के रामचंद्र का योग देख युवा भी हुए उनके कायल

रतनचंदेल,रोहतक:

शिवाजीकालोनीनिवासी75सालकेरामचंद्रकाशरीरइसउम्रमेंभीइतनालचीलाहैकिउनकायोगअभ्यासदेखयुवाभीउनकेकायलहोजातेहैं।हरियाणापुलिसकेएसआइपदसेसेवानिवृतरामचंद्रअहलावतअबभीरोजानाघंटोंतकयोगकरतेहैं।टीबीजैसीगंभीरबीमारीसेजंगजीतनेकादावाकरनेवालेरामचंद्रअबअन्यलोगोंकोभीयोगअभ्यासकरनेकेलिएप्रेरितकरतेहैं।उनकाकहनाहैकिपिछलेदससालसेअधिकसमयसेवेबीमारनहींहुएहैं।रामचंद्रकेमुताबिकयोगकेसाथहीवेखान-पानकाभीख्यालरखतेहैं।इसीकारणपिछलेएकदशकसेभीअधिकसमयसेबीमारनहींहुएहैं।बकौलरामचंद्रवेवर्ष2008मेंबीमारहोगएथे।जबडॉक्टरकेपासपहुंचेतोउन्होंनेबतायाकिउनकोटीबीहोगईहै।इसकापताचलनेपरमानोंउनकेपैरोंतलेकीजमीनखिसकगईहो।एकबारतोलगाकियहलाइलाजबीमारीहीउनकीजानलेलेगी।टीबीहोनेकापताचलनेपरबार-बारमनमेंनकारात्मकविचारआनेकेकारणतनावभीहोनेलगाथा।उपचारकेलिएडाक्टरनेउनकोछहमहीनेकीदवाईभीदी।दवाईलेनेकेबादकुछराहततोमिलीलेकिनबीमारीकोलेकरमनमेंबार-बारबुरेख्यालहीआरहेथे।बाबारामदेवसेहुएप्रभावित:

इसकेबादएकदिनटेलीविजनपरयोगगुरुबाबारामदेवकाकार्यक्रमदेखलिया।जिसमेंबाबानेयोगकामहत्वसमझातेहुएबतायाकियोगसेनकेवलछोटी-मोटीबल्किकैंसरवटीबीजैसीगंभीरबीमारीभीठीकहोसकतीहैं।उनकीबातेंटेलीविजनपरसुनकरमनयोगकीओरउन्मुखहोगयाऔरवेयोगासनकरनेलगे।रोजानाकरीबचारघंटेतकयोगकेअभ्यासकाअसरयहहुआकिकुछमहीनेबादजबटीबीकीजांचकराईतोरिपोर्टनेगेटिवआई।टीबीसेजंगजीतनेकेबादयोगकेप्रतिउनकाविश्वासऔरमजबूतहोगया।उसकेबादउन्होंनेकभीपीछेमुड़करनहींदेखा।उसकेबादसेआजतकफिरकभीबीमारभीनहींहुएहैं।वेयोगकीविभिन्नप्रतियोगिताओंमेंमेडलजीतकरदेशवप्रदेशकानामरोशनभीकरचुकेहैं।