३००० रुपये

मझोला (पीलीभीत) : बरसात न होने से धान की फसल सूखने लगी है। जुलाई समाप्त होने को है, लेकिन इंद्र देवता खासतौर से किसानों पर कृपा नहीं कर रहे हैं। यह इलाका कृषि बाहुल्य है। यूपी, उत्तराखंड दोनों राज्यों के किसान तराई से जोड़े जाते हैं। क्षेत्र के किसान मान रहे हैं कि अगर इस माह के अंत तक बरसात नहीं हुई तो धान की पैदावार को बड़ा नुकसान हो सकता है। छोटे किसान जिनके पास ¨सचाई के संसाधन नहीं हैं, वे ज्यादा ¨चतित हैं। अब तक धान की फसल में किसान तीन से चार पानी लगा चुके हैं, लेकिन धान में रौनक नजर नहीं आ रही है। यह स्थिति गिधौर, ¨भडारा, कुलारा, राना कॉलोनी आदि के साथ-साथ उत्तराखंड के सीमावर्ती अन्य गांवों में बनी हुई है।