maharashtra police recruitment 2018 19

सरकारी नशामुक्ति केंद्र व ओट क्लीनिक यूनियन के नेता नवदीप सिंह, मनिदरजीत सिंह, सुखविदर कौर, जगविदर सिंह ने बताया कि जिले के 12 ओट क्लीनिक में रोजाना 1500 से अधिक मरीज दवा लेने के लिए आते हैं। जिनकी काउंसलिंग वह बगैर सेफ्टी किटों से कर रहे हैं। सरकार की तरफ से ओट क्लीनिक के मुलाजिमों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस कारण उन्हें हड़ताल करने के लिए मजबूर होना पड़ा है। उन्होंने बताया कि 2014 में पंजाब सरकार द्वारा उन्हें सभी शर्ते पूरी करने पर मुलाजिम भर्ती किया था। तब से वह आउटसोर्स कंपनियों के दायरे में बहुत कम मान भत्ते पर सेवाएं निभा रहे हैं। पंजाब सरकार ने उन्हें कोरोना के चलते कोरोना पीड़ित मरीजों की काउंसलिंग करने संबंधी हिदायतें दी हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका स्टाफ अतिरिक्त काम नहीं करेगा, क्योंकि उनके लिए विशेष बीमा पालिसी व भत्ते का कोई प्रबंध नहीं है। स्टाफ इस संकट के समय में सेहत विभाग के साथ मिलकर ड्यूटी करना चाहता है। उन्होंने सरकार से मांग की कि जल्द से जल्द यूनियन के ठेका व आउटसोर्स मुलाजिमों को नियमित करें, अन्यथा संघर्ष लगातार जारी रहेगा।