दुर्ग मंत्र इन हंद

थाने-चौकियों की कार्रवाई से नाखुश होकर पीड़ित पुलिस कप्तान के द्वार पहुंचते है, लेकिन इंसाफ कब मिलेगा इसका कोई समय नहीं दिया जाता। जांच के लिए डीएसपी को जिम्मेदारी सौंप दी जाती है, लेकिन यहां भी लंबे इंतजार का सामना करना पड़ता है। निम्न स्तर के केसों में भी जांच के लिए एक सप्ताह से लेकर एक महीने का समय लग जाता है। करीब 150 लोग प्रतिदिन मिलते हैं एसपी से : अपनी शिकायतों को लेकर प्रतिदिन करीब 150 लोग एसपी से मिलने पहुंचते हैं। इस बात की जानकारी एसपी नाजनीन भसीन खुद दे रही है। एक-दो दिनों को छोड़कर अधिकांश समय में इतनी संख्या में लोग अपनी शिकायतों को लेकर एसपी कार्यालय पहुंच रहे हैं। लोगों की शिकायतों पर तत्काल सुनवाई की जा रही है। थाने-चौकियों की कार्यशैली में सुधारा लाया जाएगा। इस ओर दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।