यद सूरज न हत त हंद नबंध

सरकार की लिस्ट के अनुसार सिविल अस्पताल में 640 प्रकार की दवाईयां होनी जरूरी हैं। वर्ममान की बात करें तो करीब 216 तरह की आवश्यक दवाएं उपलब्ध रहती हैं। इनमें कुछ मेडिसिन लोकल अनुबंधित एजेंसियों से खरीदी जाती हैं। इसके बावजूद दवा का टोटा बना रहता है। इसका लाभ अस्पताल में खुले प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र या बाजार में खुले दवा विक्रेताओं को मिलता है।