पयर्वरण संरक्षण नबंध

मनाली-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग को कीरतपुर से नौलखा तक फोरलेन में अपग्रेड करने का टेंडर 2013 में अवार्ड हुआ था। 2017 तक काम पूरा करने का लक्ष्य रखा था। अब तक काम पूरा नहीं हो पाया है। नौलखा से डडौर तक एनएच के एक किनारे पर जेसीबी से गड्ढे डाल रखे हैं। इससे लोगों का चलना मुश्किल हो गया है। बारिश से गड्ढे पूरी तरह पानी से भरे पड़े हैं। इससे यहां गर्मी के दौरान डेंगू व मलेरिया जैसी बीमारी पनपने की संभावना प्रबल हो गई है।