पर शक्षक क मतलब

तल्ला जोहार में छह सितंबर को बादल फटने से भारी तबाही मच गई थी। प्रशासन ने फौरी तौर पर थोड़ा बहुत राहत कार्य चलाया और कुछ लोगों को राहत सामग्री बांटी। इसी के साथ पंचायती चुनाव प्रक्रिया शुरू होते ही व्यवस्था ने क्षेत्र से पीठ फेर ली। इधर एक बार फिर बारिश होने लगी है। जिससे नाचनी में श्मशान घाट को जाने वाला मार्ग ध्वस्त हो चुका है। सबसे बुरे हाल ऊंचाई पर बसे राया, बजेता, गोल गांव और डुंगरी के हैं। इन गांवों तक अभी सड़क तो पहुंची नहीं है। लाइफ लाइन पैदल मार्ग हैं। पैदल मार्ग 23 दिनों से बंद हैं।