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अवाजापुर गांव में सिचाई नाली पर अतिक्रमण होने से एक तरफ की सैकड़ों एकड़ भूमि बरसात के पानी से अभी भी जलमग्न है। वहीं दूसरी छोर के दर्जनों एकड़ फसल की सिचाई बाधित है। इसी नाली से खेतों का पानी भी निकलता था। गांव के रहने वाले अलगू जमीन नाली के दोनों तरफ हैं। आरोप है कि उन्होंने नाली पर अतिक्रमण कर मिट्टी डालकर पाट दिया। इससे किसानों को खेत बेपानी हो गए। वहीं धान की कटाई के समय किसानों के खेतों का पानी निकालने में भी दिक्कत होती है। इसको लेकर सत्येंद्र कुमार सिंह ने जिलाधिकारी को पत्रक सौंपकर मामले से अवगत कराया था। डीएम के आदेश पर सकलडीहा तहसीलदार ने मौका मुआयना किया। साथ ही उनकी कोर्ट में इसकी सुनवाई भी हुई। इसमें आरोप सही पाए गए। तहसीलदार ने अतिक्रमणकारी पर 4.90 लाख रुपये जुर्माना लगाते हुए 30 दिनों के अंदर राशि जमा कराने का निर्देश दिया था। लेकिन अभी तक नाली से कब्जा नहीं हटा। इसके चलते किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।