एक्स एक्स वडय भरतय सेक्स

परिवहन विभाग की बात की जाए तो उत्तर प्रदेश में एआरटीओ जैसे अहम पद 28 फीसद खाली हैं, जबकि संभागीय निरीक्षक (आरआइ) के करीब 35 फीसद पद रिक्त हैं। यात्री कर अधिकारी के भी 27 प्रतिशत से अधिक पद खाली हैं। एआरटीओ व आरआइ जैसे पद रिक्त होने के कारण ड्राइविंग लाइसेंस, वाहनों की फिटनेस से लेकर प्रवर्तन कार्य तक प्रभावित हो रहा है। परिवहन विभाग में सिपाहियों की तो लंबे समय से भर्तियां ही नहीं हुई हैं। विभाग होमगार्डों से किसी तरह काम चला रहा है। इन सबका असर सड़कों पर नजर आ रहा है। खटारा वाहन व ड्राइवरों की लापरवाही आए दिन सड़क दुर्घटनाओं का सबब बन रही है।