बन फेरे हम तेरे

जागरण संवाददाता, पडरौना, कुशीनगर: डेढ़ माह से अधिक समय से रुक-रुक कर हो रही बारिश की वजह से खेतों में जलभराव है। इससे गन्ने की फसल पर संकट मंडराने लगा है। जड़ें सड़ने की वजह से पौधों का रंग पीला पड़ने लगा है। लोग आशंका जता रहे हैं कि पानी की वजह से बड़े पैमाने पर गन्ना सूख जाएगा और उत्पादन काफी कम होगा। किसानों को अपनी गाढ़ी कमाई डूबती नजर आ रही है। सर्वाधिक चितित लो-लैंड वाले किसान हैं। अगर कुछ दिनों तक बारिश न भी हो तो खेतों में भरा पानी सूखने में एक माह का समय लगेगा। तब तक फसल बर्बाद हो जाएगी।