अचनक सर दर्द हन

गोड्डा : प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार सत्य प्रकाश सिन्हा के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार गोड्डा ने गूगल मीट पर रविवार को गोड्डा, जामताड़ा एवं पलामू के पारा लीगल वॉलेंटियरों की ऑनलाइन ट्रेनिग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। रिसोर्स पर्सन के रूप में पैनल अधिवक्ता रवि रंजन चतुर्वेदी ने प्रशिक्षण दिया। इस दौरान उन्होंने ड्रग एब्यूज को लेकर झालसा के प्रोजेक्ट चेतना पर विस्तृत प्रकाश डाला। कहा कि अल्कोहल, हड़िया, ड्रग्स, नशा के रूप में सेवन किये जाने वाली दवाइयों सहित अन्य नशीले पदार्थों के सेवन को रोकने के लिए चेतना प्रोजेक्ट लाया गया है। इसके तहत स्कूल, कॉलेज के अलावा ऐसे बच्चे जो स्कूल नहीं जा रहे हैं। ये नशा का शिकार हो रहे हैं। इससे बचाने के लिए जन जागरूकता की जरूरत है। इसके सेवन के आदि हो चुके युवक, औरत व वृद्धों का पुनर्वास कराना है। इसके लिए दवा विक्रेता, अभिभावक सहित विभिन्न संस्थानों में जाकर नशा सेवन से मुक्ति दिलाने की पहल करनी होगी। इसके लिए कई लिहाइवलेशन सेंटर व एनजीओ कार्य कर रहे हैं। लेकिन वे ग्राउंड लेवल तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। इस कारण नशा उन्मूलन अभियान का कोई असर नहीं पड़ रहा है। ऐसे में झालसा को यह दायित्व सौंपा जा रहा है कि पीएलभी व पैनल अधिवक्ता समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच कर इस पर बेहतर तरीके से कार्य कर सकें। इसके लिए झालसा की ओर से कमेटी गठित की गयी है जिसमें युवा अधिवक्ता, मेडिकल आफिसर, सोशल वर्कर, पीएलभी एवं एनजीओ के प्रतिनिधि शामिल किये जायेंगे। इसमें झालसा के लीगर लिटरेशी क्लब के नशा के शिकार बच्चों को चिह्नित कर बच्चों को सेंटर तक पहुंचाने में मदद कर सकेंगे। इस प्रशिक्षण शिविर में जिले के पीएलभी के अलावा जामताड़ा व पलामू के पीएलभी भी शामिल थे।